Archive by month August

पक्ष और विपक्ष के स्याह और सफेद में अकसर जनता हो जाती गुम…!!  जबां जबां पे शोर था कि रात खत्म हो गई, यहां सहर की आस में हयात खत्म हो गई!

पक्ष और विपक्ष के स्याह और सफेद में अकसर जनता हो जाती गुम…!! जबां जबां पे शोर था कि रात खत्म हो गई, यहां सहर की आस में हयात खत्म हो गई!

जिसकी संख्या कम होती है जिसके पास बहुमत नहीं होता उसे ही …